रणबीर ने बनाया निर्माता को भी फ़ैन
- Author, कोमल नाहटा
- पदनाम, वरिष्ठ फ़िल्म समीक्षक
- प्रकाशित
आशुतोष गोवारीकर की व्हाट्स योर राशि के बनने में 35 करोड़ रुपए क्यों ख़र्च हो गए?

आख़िर फ़िल्म में प्रियंका चोपड़ा के अलावा इतने बड़े सितारे भी नहीं हैं. आपको ये जान कर आश्चर्य होगा कि इस फ़िल्म के निर्माण के लिए ख़ुद आशुतोष ने 10 करोड़ रुपए लिए हैं. जी हां, 100 मिलियन!
यानी कि फ़िल्म की लागत का 30 प्रतिशत तो निर्देशक ख़ुद ही लेकर गया था. वैसे अगर आप ये जान जाएं कि आशुतोष ने अपनी पिछली फ़िल्म जोधा-अकबर में कितना चार्ज किया था तो आप और भी दंग रह जाएंगे.
उस फ़िल्म के लिए यूटीवी ने आशुतोष गोवारीकर को एक या डेढ़ करोड़ रुपए दिए थे. व्हाट्स योर राशि भी गोवारीकर के साथ यूटीवी ने बनाई है तो हो सकता है जोधा-अकबर की कसर निर्देशक ने इस फ़िल्म में निकाल डाली.
राजू तो हंसाते हैं, ये रो कौन रहा है?
टीवी स्क्रीन पर कॉमेडी करने वाले राजू श्रीवास्तव ने बिग बॉस के घर में अपनी जगह तो बना ली लेकिन बाहर सब टीवी के अधिकारी भाईयों ने इम्पा (निर्माताओं का संगठन) में उनके ख़िलाफ़ शिकायत दर्ज कर दी है.
अधिकारी भाई एक नया टीवी चैनल, मस्ती शुरू करने जा रहे हैं. इस चैनल के लिए उन्होंने राजू के नवंबर से हर महीने दस दिन लिए थे. इसका अनुबंध भी साइन किया था.
लेकिन चार अक्तूबर से कॉमेडियन राजू को कलर्स चैनल पर बिग बॉस में देख कर अधिकारी भाइयों को हंसी कम और रोना ज़्यादा आया.
क्योंकि यह शो 84 दिन चलेगा और ये मुमकिन है कि सारे 84 दिनों तक राजू उस शो में टिके रहें तो अधिकारी भाई ये जानना चाहते हैं कि अगर राजू बिग बॉस के घर में होंगे तो उनके महीने के दस दिन का क्या होगा? राजू भाई ने अधिकारी भाइयों के अधिकार के दस दिन छीन कर अच्छा नहीं किया, क्यों सही नहीं है न?
दिसंबर आमिर का तो जनवरी ऋतिक का
आख़िर ऋतिक रोशन की काइट्स की रिलीज़ की डेट तय हो गई है. इस साल के बजाए अब ये लव स्टोरी अगले साल रिलीज़ होगी.

पापा राकेश रोशन के अनुसार काइट्स 22 जनवरी को रिलीज़ होगी.
10 साल पहले ऋतिक रोशन की पहली फ़िल्म कहो न प्यार है भी जनवरी में ही 14 तारीख़ को रिलीज़ हुई थी.
हो सकता है जिस तरह आमिर ख़ान अपने लिए 25 दिसंबर वाले सप्ताह को लकी समझते हैं उसी तरह ऋतिक को जनवरी का महीना अपने लिए सही लगता हो.
रणबीर के फ़ैन
रणबीर कपूर ने अपनी नई फ़िल्म अजब प्रेम की ग़ज़ब कहानी के प्रोमोश्नल गाने के लिए इतनी मेहनत की कि निर्माता रमेश तौरानी उनका शुक्रिया अदा करते नहीं थकते.

हुआ यूं कि उस गाने के लिए रणबीर को भोपाल से ख़ास आना पड़ा. भोपाल में रणबीर प्रकाश झा की राजनीति की शूटिंग कर रहे थे और अब भी कर रहे हैं. इसलिए बहुत ज़रूरी था कि इस गाने की शूटिंग दो दिनों में ख़त्म हो जाए क्योंकि उन्हें उसके तुरंत बाद भोपाल जाना था.
दूसरे दिन शूटिंग रात भर चली लेकिन रणबीर ने चूं तक नहीं की. उसके बाद जब रमेश तौरानी उनका धन्यावाद किया तो रणबीर बोले, थैंक यू किस लिए? मैं आपसे पैसे लेकर काम कर रहा हूं.
शूटिंग ख़त्म करना मेरा फ़र्ज़ है. ज़ाहिर है उस दिन से तौरानी तो रणबीर के फ़ैन हो गए हैं.
मैं और मिसेज़ खन्ना या कुछ और!
प्रेम सोनी भले ही नए निर्देशक हैं और मैं और मिसेज़ खन्ना उनकी पहली फ़िल्म है लेकिन उसके लिए उन्हें बड़े सितारे साइन करने में मुसीबत नहीं हुई.

जब उन्होंने सुहैल ख़ान को निर्माता चुना तो सलमान ख़ान आसानी से आ गए. वैसे इतनी आसानी से भी नहीं, क्योंकि सुहैल और यूटीवी (सह-निर्माता) को 20 करोड़ रुपए में साइन करना पड़ा.
और करीना कपूर की प्रेम के भाई से बहुत अच्छी दोस्ती थी. प्रेम के भाई टैरट कार्ड रीडर हैं यानी कार्ड देख कर भविष्य बताते हैं और करीना उनसे काफ़ी बार सलाह लेती है.
जब प्रेम ने उन्हें कहानी सुनाई तो करीना उन्हें मना नहीं कर सकी. एक तरफ़ उन्हें कहानी पसंद आ गई दूसरी तरफ़ प्रेम के भाई के साथ दोस्ती भी थी. प्रेम को शायद फ़िल्म का नाम मैं और मेरा भाई रखना चाहिए.

























